मध्य प्रदेश कांग्रेस में बड़ा संगठनात्मक फेरबदल, सभी विभाग और प्रकोष्ठ तत्काल प्रभाव से भंग
AICC के निर्देश पर प्रदेश संगठन में व्यापक बदलाव, नए सिरे से होगा पुनर्गठन

भोपाल। मध्य प्रदेश कांग्रेस संगठन में बड़ा संगठनात्मक बदलाव करते हुए अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) ने प्रदेश कांग्रेस के अंतर्गत गठित सभी विभागों, प्रकोष्ठों (सेल) और उनकी सभी स्तर की इकाइयों को तत्काल प्रभाव से भंग कर दिया है। पार्टी ने इस निर्णय के साथ प्रदेश संगठन के व्यापक पुनर्गठन की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। इसे आगामी राजनीतिक गतिविधियों, संगठन को मजबूत बनाने और नए नेतृत्व को अवसर देने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
प्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी ने जारी किया आदेश
मध्य प्रदेश कांग्रेस के प्रभारी हरीश चौधरी की ओर से 5 अगस्त 2026 को जारी आधिकारिक आदेश में कहा गया है कि अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के निर्देशों एवं संगठनात्मक पुनर्गठन की प्रक्रिया के तहत यह निर्णय लिया गया है।
आदेश के अनुसार, मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अंतर्गत संचालित सभी विभाग, प्रकोष्ठ तथा उनकी प्रदेश, जिला, शहर, ब्लॉक और अन्य सभी स्तर की इकाइयां तत्काल प्रभाव से भंग कर दी गई हैं। इसके साथ ही इन सभी इकाइयों का मौजूदा संगठनात्मक ढांचा समाप्त माना जाएगा।
संगठन को नए सिरे से मजबूत करने की तैयारी
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि कांग्रेस नेतृत्व प्रदेश संगठन को अधिक सक्रिय, प्रभावी और चुनावी चुनौतियों के अनुरूप तैयार करना चाहता है। इसी उद्देश्य से पुराने ढांचे को समाप्त कर नए सिरे से संगठन खड़ा करने की कवायद शुरू की गई है।
पार्टी सूत्रों के अनुसार, आने वाले दिनों में विभिन्न विभागों और प्रकोष्ठों का पुनर्गठन किया जाएगा। इसमें सक्रिय कार्यकर्ताओं, अनुभवी नेताओं और जमीनी स्तर पर काम करने वाले पदाधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी जा सकती हैं।
इन विभागों और प्रकोष्ठों पर पड़ेगा असर
इस फैसले का असर प्रदेश कांग्रेस के अंतर्गत संचालित सभी विभागों और प्रकोष्ठों पर पड़ेगा। इनमें महिला, युवा, किसान, अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, पिछड़ा वर्ग, अल्पसंख्यक, विधि, आईटी, चिकित्सा, उद्योग-व्यापार, शिक्षा, सांस्कृतिक, सामाजिक और अन्य विषय आधारित प्रकोष्ठों की प्रदेश से लेकर जिला एवं ब्लॉक स्तर तक की सभी इकाइयां शामिल हैं।
अब इन सभी का गठन नई रणनीति और संगठनात्मक आवश्यकता के अनुसार किया जाएगा।
शीर्ष नेतृत्व को भेजी गई आदेश की प्रतिलिपि
हरीश चौधरी द्वारा जारी आदेश की प्रतिलिपि कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, संगठन महासचिव के.सी. वेणुगोपाल, मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, मध्य प्रदेश कांग्रेस के प्रभारी सचिवों तथा पार्टी के कंट्रोल रूम को भी भेजी गई है।
नई नियुक्तियों पर टिकी कार्यकर्ताओं की नजर
इस बड़े फैसले के बाद प्रदेशभर में कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच नई नियुक्तियों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। माना जा रहा है कि पुनर्गठन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद पार्टी जल्द ही नए विभागाध्यक्षों, प्रकोष्ठ प्रमुखों और विभिन्न स्तरों के पदाधिकारियों की घोषणा कर सकती है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह बदलाव आगामी चुनावों और संगठनात्मक गतिविधियों को ध्यान में रखकर किया गया है, ताकि पार्टी जमीनी स्तर पर अधिक सक्रिय और प्रभावी तरीके से काम कर सके।







