नरसिंहपुर पुलिस की बड़ी कामयाबी: 7 चोरी की वारदातों का खुलासा, 21 लाख से ज्यादा की संपत्ति बरामद; 12 पुलिसकर्मियों को मिला डीजीपी पुरस्कार
गाडरवारा और सुआतला पुलिस की उत्कृष्ट कार्रवाई से अपराधियों तक पहुंची पुलिस, मध्यप्रदेश पुलिस मुख्यालय ने 21 हजार रुपये की नगद पुरस्कार राशि देकर बढ़ाया हौसला

गाडरवारा/नरसिंहपुर। जिले में चोरी की वारदातों का पर्दाफाश कर लाखों रुपये की संपत्ति बरामद करने वाली पुलिस टीमों को मध्यप्रदेश पुलिस मुख्यालय भोपाल ने सम्मानित किया है। पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) कैलाश मकवाणा द्वारा जारी आदेश के अनुसार नरसिंहपुर जिले के थाना गाडरवारा और थाना सुआतला की पुलिस टीमों के कुल 12 अधिकारियों एवं कर्मचारियों को उनके उत्कृष्ट एवं सराहनीय कार्य के लिए नगद पुरस्कार प्रदान किया गया है।
यह सम्मान उन पुलिस अधिकारियों और जवानों को दिया गया है जिन्होंने सीमित संसाधनों के बावजूद लगातार मेहनत, तकनीकी दक्षता और सटीक रणनीति के बल पर चोरी की कई गुत्थियों को सुलझाकर पीड़ितों को न्याय दिलाने का कार्य किया। पुलिस की इस कार्रवाई से न केवल चोरी की घटनाओं का खुलासा हुआ, बल्कि अपराधियों में भी कानून का भय पैदा हुआ है।
आनंद विहार कॉलोनी चोरी कांड का हुआ खुलासा
पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी आदेश के मुताबिक 5 मई 2026 को थाना गाडरवारा क्षेत्र के आनंद विहार कॉलोनी स्थित एक सूने मकान में चोरी की घटना सामने आई थी। मकान मालिक की शिकायत पर थाना गाडरवारा में अपराध क्रमांक 534/2026 धारा 331(4) एवं 305(ए) भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना प्रभारी के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। पुलिस ने घटनास्थल का सूक्ष्म निरीक्षण किया और तकनीकी साक्ष्य जुटाए। सीसीटीवी फुटेज, मुखबिर तंत्र और संदिग्धों की गतिविधियों का विश्लेषण करते हुए पुलिस एक संदेही तक पहुंची।
संदेही को हिरासत में लेकर जब गहन पूछताछ की गई तो उसने न केवल इस चोरी की वारदात को स्वीकार किया, बल्कि जिले में हुई छह अन्य चोरी की घटनाओं में भी अपनी संलिप्तता कबूल कर ली। आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने 10 लाख रुपये से अधिक मूल्य के सोने-चांदी के जेवर एवं अन्य चोरी गए सामान बरामद किए।
बरमान हनुमान मंदिर चोरी का भी खुलासा
इसी प्रकार 6 मार्च 2026 को चौकी बरमान, थाना सुआतला क्षेत्र स्थित प्रसिद्ध हनुमान मंदिर में चोरी की घटना हुई थी। अज्ञात चोर मंदिर से चांदी का मुकुट, चांदी का छत्र तथा दानपेटी से लगभग 48 हजार रुपये नकद चोरी कर ले गए थे।
धार्मिक स्थल पर हुई चोरी से क्षेत्र में आक्रोश का माहौल था। पुलिस ने तत्काल अपराध क्रमांक 92/2026 धारा 331(4) एवं 305(घ) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच प्रारंभ की। पुलिस टीम ने तकनीकी और भौतिक साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की तलाश शुरू की और अंततः उन्हें गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की।
सूने मकान से तीन लाख की चोरी का भी किया खुलासा
थाना सुआतला क्षेत्र में ही 16 अप्रैल 2026 को अंशिकापुरम राजमार्ग स्थित एक सूने मकान में चोरी की घटना हुई थी। चोर घर से सोने-चांदी के आभूषण और लगभग तीन लाख रुपये नगद लेकर फरार हो गए थे।
इस मामले में अपराध क्रमांक 151/2026 धारा 331(4), 305(ए) एवं 317(5) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज किया गया। विवेचना के दौरान पुलिस ने लगातार तकनीकी विश्लेषण, संदिग्धों की निगरानी और सूचना तंत्र का उपयोग करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया।
इन दोनों मामलों में पुलिस ने लगभग 11 लाख रुपये मूल्य की चोरी गई संपत्ति बरामद कर पीड़ितों को बड़ी राहत पहुंचाई।
उत्कृष्ट कार्य पर डीजीपी ने दिया पुरस्कार
पुलिस मुख्यालय भोपाल ने माना कि नरसिंहपुर पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई अपराध नियंत्रण और विवेचना के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य का उदाहरण है। इसी को ध्यान में रखते हुए पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाणा ने संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को नगद पुरस्कार देकर उनका उत्साहवर्धन किया।
इन अधिकारियों और कर्मचारियों को किया गया सम्मानित
1. कार्यवाहक निरीक्षक अशोक सिंह चौहान, थाना प्रभारी गाडरवारा – 5,000 रुपये
2. उप निरीक्षक आशीष बोपचे, चौकी प्रभारी बरमान, थाना सुआतला – 4,000 रुपये
3. कार्यवाहक सहायक उप निरीक्षक राजेश तिवारी, थाना गाडरवारा – 3,000 रुपये
4. प्रधान आरक्षक क्रमांक 179 रंजीत पटेल, चौकी बरमान – 2,000 रुपये
5. कार्यवाहक प्रधान आरक्षक क्रमांक 281 नरेन्द्र सराठे, चौकी बरमान – 2,000 रुपये
6. आरक्षक क्रमांक 767 रूपेन्द्र चौबे, थाना गाडरवारा – 1,000 रुपये
7. आरक्षक क्रमांक 406 विश्वजीत सिंह, थाना गाडरवारा – 1,000 रुपये
8. आरक्षक क्रमांक 140 बालकृष्ण रघुवंशी, थाना गाडरवारा – 1,000 रुपये
9. आरक्षक क्रमांक 645 सुजीत बागरी, थाना गाडरवारा – 1,000 रुपये
10. आरक्षक क्रमांक 60 उत्तम उचाड़िया, थाना गाडरवारा – 1,000 रुपये
11. आरक्षक क्रमांक 680 आशीष पटेल, चौकी बरमान – 1,000 रुपये
12. आरक्षक क्रमांक 45 अनुराग, चौकी बरमान – 1,000 रुपये।
पुलिस के मनोबल को मिलेगा बल
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस तरह का सम्मान पुलिस बल के लिए प्रेरणा का कार्य करता है। इससे जवानों का मनोबल बढ़ता है और वे अपराधियों के खिलाफ और अधिक प्रभावी ढंग से कार्य करने के लिए प्रोत्साहित होते हैं।
नरसिंहपुर पुलिस की इस सफलता से यह संदेश भी गया है कि अपराधी चाहे कितनी भी चालाकी से वारदात को अंजाम दें, आधुनिक तकनीक, सतर्क जांच और पुलिस की सक्रियता के सामने कानून से बच पाना आसान नहीं है। जिले में लगातार अपराधों के खुलासे से आम नागरिकों का पुलिस के प्रति विश्वास भी मजबूत हुआ है।







