छिंदवाड़ा स्कूल विवाद: ‘सर-मैडम’ की आशिकी ने मचाया बवाल, बच्चों ने खोला राज तो कलेक्टर ने लिया एक्शन

छिंदवाड़ा | 19 अगस्त 2026। मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के आदिवासी अंचल जुन्नारदेव से एक हैरान कर देने वाली खबर सामने आई है। यहाँ माध्यमिक शाला बिचबेहरी कट्टा में पदस्थ प्रभारी प्राचार्य और एक अतिथि शिक्षिका के कथित अफेयर को लेकर भारी बवाल मच गया है। मामला 15 अगस्त का है, जब स्वतंत्रता दिवस पर झंडावंदन के बाद ग्रामीणों ने स्कूल परिसर में ही ग्रामसभा आयोजित की थी।
बच्चों ने खोल दी पोल, वीडियो हुआ वायरल
ग्रामसभा के दौरान जब गांव वालों ने स्कूल के बच्चों से पढ़ाई-लिखाई और माहौल के बारे में पूछा, तो छात्र-छात्राओं ने जो कुछ बताया उसने हर किसी के होश उड़ा दिए। बच्चों ने गंभीर आरोप लगाए कि प्रभारी प्राचार्य लोकेंद्र लोधी और अतिथि शिक्षिका दीपिका राठौड़ स्कूल में पढ़ाई कराने के बजाय आपस में प्यार-मोहब्बत करते हैं। बच्चों ने खुलासा किया कि दोनों शिक्षक स्कूल में अकेले समय बिताते हैं और कभी-कभी साथ में बाथरूम तक चले जाते हैं।
ग्रामसभा के दौरान बच्चों से पूछताछ का एक वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में स्कूल की एक छात्रा खुले तौर पर कहती नजर आ रही है कि दोनों शिक्षक छात्रों को जल्दी घर भेजकर शाम 7 बजे तक कमरा बंद करके बैठे रहते हैं। बच्चों ने यह भी बताया कि यदि कोई इसकी शिकायत करने की बात करता था, तो उसे मारने-पीटने की धमकी दी जाती थी।
ग्रामसभा में पारित हुआ प्रस्ताव
ग्रामीणों और बच्चों का आरोप है कि शिक्षकों के इस अनैतिक आचरण की शिकायत वे पहले भी बीईओ और जनजाति कार्य विभाग के अधिकारियों से कर चुके थे, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। तंग आकर ग्रामीणों ने 15 अगस्त को विशेष ग्रामसभा आयोजित कर सर्वसम्मति से दोनों शिक्षकों को हटाने का प्रस्ताव पारित किया। इसके बाद ग्रामीण और बच्चे 100 किमी दूर जिला मुख्यालय पहुंचे और कलेक्टर के सामने पूरी आपबीती सुनाई।
मैडम ने दी सफाई
आरोपों के घेरे में आई अतिथि शिक्षिका दीपिका राठौड़ ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को पूरी तरह खारिज किया है। उनका कहना है कि स्कूल और गांव के कुछ लोग साजिश के तहत बच्चों को सिखा-पढ़ाकर उनके खिलाफ इस्तेमाल कर रहे हैं। उनका दावा है कि उन्होंने ऐसा कुछ नहीं किया है और उन्हें बेवजह विवाद में घसीटा जा रहा है।
कलेक्टर ने दिए जांच के आदेश, दोनों शिक्षक हटाए
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए कलेक्टर ने बिना देरी किए सहायक आयुक्त (जनजाति कार्य विभाग) को पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के निर्देश जारी किए। जांच टीम ने सख्त रुख अपनाते हुए अतिथि शिक्षिका दीपिका राठौड़ को तत्काल प्रभाव से पद से हटा दिया, जबकि प्रभारी प्राचार्य लोकेंद्र लोधी को स्कूल के माहौल और अनुशासन को प्रभावित करने के आरोप में बिचबेहरी कट्टा स्कूल से हटाकर दूसरे दूरस्थ स्कूल में स्थानांतरित कर दिया गया है। इस कार्रवाई के बाद से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है।
गौरतलब है कि पिछले 10 दिनों में छिंदवाड़ा जिले में यह तीसरा बड़ा मामला है, जहां बच्चों ने सामने आकर स्कूल और छात्रावास प्रबंधन की गंभीर पोल खोली है। प्रशासन ने आमूलचूल सुधार के निर्देश दिए हैं।







