फरार आरोपी संदीप मिहानी नागपुर से गिरफ्तार: इटारसी पुलिस ने 6.45 लाख की अवैध शराब का भंडाफोड़ किया
फरार आरोपी संदीप मिहानी को इटारसी पुलिस ने नागपुर से गिरफ्तार किया। 6.45 लाख की अवैध शराब जब्ती मामले में बड़ी कार्रवाई, तीन आरोपी पुलिस गिरफ्त में।

इटारसी। अवैध शराब के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए इटारसी पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। लंबे समय से फरार चल रहे मुख्य आरोपी संदीप मिहानी को नागपुर से गिरफ्तार कर लिया गया है। इस मामले में पहले ही दो आरोपियों की गिरफ्तारी और लाखों रुपये की अवैध शराब जब्ती हो चुकी थी।
ऐसे शुरू हुआ पूरा मामला
यह पूरा मामला 24 अप्रैल 2026 का है, जब थाना इटारसी पुलिस को विश्वसनीय मुखबिर से सूचना मिली कि एक सफेद रंग की टाटा जेस्ट कार के जरिए बड़ी मात्रा में अवैध शराब बैतूल मार्ग से इटारसी लाई जा रही है। पुलिस ने सूचना को गंभीरता से लेते हुए तत्काल टीम गठित की और रणनीतिक तरीके से घेराबंदी की।
मौके पर दबिश, दो आरोपी गिरफ्तार
पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए वाहन को रोका और तलाशी ली। इस दौरान दो आरोपी—अब्दल जाहिद अंसारी और हेमंत राजपूत—को गिरफ्तार किया गया। कार से कुल 26 पेटी देशी शराब (लगभग 241.200 लीटर) बरामद की गई, जिसकी अनुमानित कीमत करीब ₹6 लाख 45 हजार बताई गई।
फरार आरोपी संदीप मिहानी की तलाश
घटना के बाद से ही तीसरा आरोपी संदीप मिहानी (38 वर्ष) निवासी भाट मोहल्ला, इटारसी फरार चल रहा था। पुलिस ने उसे पकड़ने के लिए लगातार दबिश दी और सायबर सेल को भी सक्रिय किया गया। तकनीकी सर्विलांस और लोकेशन ट्रैकिंग के जरिए आरोपी की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही थी।
नागपुर में छिपा था आरोपी
जांच के दौरान सायबर टीम को अहम इनपुट मिला कि आरोपी नागपुर में छिपा हुआ है। इसके बाद 1 मई 2026 को इटारसी पुलिस की विशेष टीम तुरंत नागपुर रवाना हुई।
सटीक प्लानिंग से गिरफ्तारी
पुलिस टीम ने स्थानीय स्तर पर सूचना जुटाते हुए आरोपी की सटीक लोकेशन ट्रेस की और योजनाबद्ध तरीके से घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को पकड़ने में सायबर तकनीक और फील्ड इंटेलिजेंस का बेहतर समन्वय देखने को मिला।
पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका
इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक गौरव बुंदेला, उनकी टीम और सायबर सेल के अधिकारियों की अहम भूमिका रही। पुलिस की सतर्कता और तेज कार्रवाई के चलते इस बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश हो सका।
अवैध शराब माफिया पर सख्ती
पुलिस का कहना है कि अवैध शराब कारोबार के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। इस कार्रवाई से यह स्पष्ट संकेत गया है कि अपराधी चाहे कहीं भी छिपे हों, पुलिस की पहुंच से दूर नहीं हैं।
कानून का शिकंजा और कसता हुआ
इस पूरे मामले में पुलिस अब नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भी जांच कर रही है। संभावना जताई जा रही है कि इस गिरोह के तार अन्य जिलों या राज्यों से भी जुड़े हो सकते हैं।







