200 CCTV कैमरों ने खोला लूटकांड का राज, नर्मदापुरम पुलिस ने 4 आरोपियों को दबोचा
व्यापारी से सोने की चेन लूटने वाले गिरोह का पर्दाफाश, वारदात में इस्तेमाल कार जब्त

संवाददाता राकेश पटेल इक्का
नर्मदापुरम। नर्मदापुरम देहात थाना पुलिस ने महज चार दिनों के भीतर एक सनसनीखेज लूटकांड का खुलासा करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। करीब 200 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर तंत्र की मदद से पुलिस ने आरोपियों तक पहुंचकर वारदात में इस्तेमाल की गई कार और लूटी गई चेन बेचकर प्राप्त नकदी बरामद की है।
रेलवे स्टेशन से लौट रहे व्यापारी को बनाया निशाना
पुलिस के अनुसार फरियादी नारायण सिंह उर्फ राहुल सिंह राजपूत (32 वर्ष) निवासी वार्ड नंबर 13, माना बुधनी जिला सीहोर ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 12 जून 2026 की रात लगभग 1:15 बजे वह अपने साथी शैलेन्द्र परिहार एवं उनकी पत्नी के साथ अलग-अलग मोटरसाइकिलों से नर्मदापुरम रेलवे स्टेशन से बुधनी लौट रहे थे।
जब वे बुधनी रोड स्थित परमश्री गार्डन के पास पहुंचे, तब एक कार तेज गति से उनके पास आई और कुछ दूरी तक पीछा करती रही। इसके बाद रात करीब 1:30 बजे यश ढाबा के आगे कार सवार बदमाशों ने शैलेन्द्र परिहार की मोटरसाइकिल के सामने कार लगाकर उन्हें रोक लिया।
बीच-बचाव करने पहुंचे व्यापारी से लूट ली सोने की चेन
कार से उतरे आरोपियों ने शैलेन्द्र परिहार और उनकी पत्नी के साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। जब नारायण सिंह बीच-बचाव करने पहुंचे तो एक आरोपी ने उनके सिर पर किसी वस्तु से हमला कर दिया और गले में पहनी सोने की चेन लूट ली। इसके बाद सभी आरोपी कार में बैठकर नर्मदा ब्रिज होते हुए बुधनी की ओर फरार हो गए।
घटना की शिकायत पर पुलिस ने लूट का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में बनी विशेष टीम
घटना की गंभीरता को देखते हुए मामले की जानकारी तत्काल वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई। पुलिस अधीक्षक साईं कृष्णा एस. थोटा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अभिषेक राजन तथा एसडीओपी जितेंद्र कुमार पाठक के निर्देशन में थाना देहात नर्मदापुरम की विशेष टीम गठित की गई।
200 CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली
आरोपियों तक पहुंचने के लिए पुलिस ने घटना स्थल से लेकर संभावित मार्गों तक करीब 200 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की। साथ ही तकनीकी साक्ष्य एकत्रित किए गए और मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया।
जांच के दौरान पुलिस को वारदात में इस्तेमाल की गई ईको स्पोर्ट्स कार क्रमांक DL10 CH 8934 के संबंध में महत्वपूर्ण सुराग मिले।
चार आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने 16 जून 2026 को कार्रवाई करते हुए कार मालिक रितिक गोस्वामी निवासी ग्राम टिगरिया तथा उसके साथियों हरिओम गोस्वामी निवासी टिगरिया, ओमप्रकाश गोस्वामी एवं सुदीप गौर निवासी खरखेड़ी को हिरासत में लेकर पूछताछ की।
पुलिस की पूछताछ में चारों आरोपियों ने 11 और 12 जून की दरमियानी रात परमश्री गार्डन के आगे दो मोटरसाइकिल सवारों को रोककर मारपीट करने और सोने की चेन लूटने की बात स्वीकार कर ली।
कार और नकदी बरामद
गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से पुलिस ने घटना में प्रयुक्त ईको स्पोर्ट्स कार जिसकी कीमत लगभग 3.50 लाख रुपये बताई जा रही है, जब्त कर ली है। इसके अलावा लूटी गई सोने की चेन बेचकर प्राप्त रकम में से 8,100 रुपये नकद भी बरामद किए गए हैं।
आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड भी सामने आया
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि मुख्य आरोपी रितिक गोस्वामी और हरिओम गोस्वामी पहले से अपराध की दुनिया से जुड़े रहे हैं। दोनों के खिलाफ थाना डोलारिया में 8 आपराधिक प्रकरण तथा थाना देहात नर्मदापुरम में 3 मामले दर्ज हैं।
इन पुलिसकर्मियों की रही अहम भूमिका
इस महत्वपूर्ण कार्रवाई में थाना देहात प्रभारी निरीक्षक उषा मरावी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने सराहनीय कार्य किया। आरोपियों तक पहुंचने और मामले का खुलासा करने में आरक्षक कपिल विश्वकर्मा, जितेंद्र सिंह राजपूत एवं सुनील साहू की मुख्य भूमिका रही।
इसके अलावा उप निरीक्षक अरविंद बेले, गौरी शंकर मांझी, सहायक उप निरीक्षक सुखनंदन नर्रे, प्रवीण शर्मा, प्रधान आरक्षक नवीन दुबे, राजेश जैन, आरक्षक मुकुल मोहेबिया, महेंद्र सिंह धुर्वे, साइबर सेल के दीपेश तथा CCTV विश्लेषक योगिता का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा।
पुलिस की सतर्कता से अपराधियों की योजना हुई विफल
पुलिस की त्वरित कार्रवाई और तकनीकी जांच के कारण आरोपियों को कुछ ही दिनों में गिरफ्तार कर लिया गया। इस कार्रवाई से यह स्पष्ट हुआ कि आधुनिक तकनीक और सीसीटीवी नेटवर्क अपराधियों के लिए बड़ी चुनौती बन चुके हैं।







