व्हाट्सएप वेब यूजर्स के लिए नए नियम: हर 6 घंटे में होगा अनिवार्य लॉगआउट, बिना सिम 90 दिन बाद बंद होंगी सर्विसेज

WhatsApp Web new rules: नई दिल्ली दूरसंचार विभाग (DoT) ने मैसेजिंग प्लेटफॉर्म्स पर कड़े साइबर सुरक्षा नियम लागू किए हैं। नए नियमों के अनुसार अब व्हाट्सएप वेब, टेलीग्राम, सिग्नल, स्नैपचैट, शेयरचैट जैसे वेब-आधारित प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करने वाले यूजर्स को हर छह घंटे में अनिवार्य रूप से लॉग आउट किया जाएगा।
सिम से लिंक होंगी मैसेजिंग सर्विसेज
सरकार ने निर्देश दिया है कि इन सभी मैसेजिंग प्लेटफॉर्म्स को अब यूजर के सब्सक्राइबर आइडेंटिटी मॉड्यूल (SIM) से अनिवार्य रूप से जोड़ा जाएगा।
इसका मतलब—
- सिम फोन में मौजूद होने पर ही मैसेजिंग ऐप की सर्विस चलेगी
- जैसे ही सिम फोन में नहीं होगी या बंद होगी, ऐप की सर्विसेज बंद हो जाएंगी
- बिना सिम उपयोग किए जाने पर 90 दिनों के बाद ऐप सर्विसेज पूरी तरह बंद हो जाएंगी
क्यों लिया गया यह फैसला?
सरकार के मुताबिक मैसेजिंग ऐप्स का दुरुपयोग बढ़ रहा था, खासकर:
- विदेशों से बिना सिम के व्हाट्सएप आइडी चलाकर
- साइबर फ्रॉड
- ओटीपी स्कैम
- फिशिंग और धोखाधड़ी के मामलों में वृद्धि
सिम बाइंडिंग से अब किसी भी अकाउंट की वास्तविक पहचान और लोकेशन ट्रैक करना आसान होगा, जिससे फ्रॉड रोकने में मदद मिलेगी।
IMSI तक होगी ऐप्स की पहुंच
नए नियमों के अनुसार अब व्हाट्सएप, टेलीग्राम और अन्य ऐप्स को सिम में मौजूद IMSI (International Mobile Subscriber Identity) तक पहुंच देनी होगी।
इस वजह से कंपनियों को भारतीय यूजर्स के लिए अपने सिस्टम में तकनीकी बदलाव करने पड़ेंगे।
यूजर्स की प्राइवेसी पर उठे सवाल
टेक कंपनियों ने कहा—
- लगातार सिम वेरिफिकेशन से प्राइवेसी प्रभावित होगी
- मल्टी-डिवाइस सपोर्ट (जैसे WhatsApp Web) कमजोर हो जाएगा
- बार-बार लॉगआउट होने से यूजर एक्सपीरियंस खराब होगा
हालांकि, दूरसंचार कंपनियों ने सरकार के इस फैसले का समर्थन किया है।
4 महीने में देनी होगी रिपोर्ट
सभी वेब-आधारित मैसेजिंग प्लेटफॉर्म को चार महीनों के भीतर अनुपालन रिपोर्ट सरकार को सौंपनी होगी।







