माखन नगर के यशवंत सिंह राजपूत — किसान पुत्र ने बिहार की धरती पर फहराया कांग्रेस का परचम

संवाददाता राकेश पटेल इक्का
नर्मदापुरम।
मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम जिले के माखन नगर की माटी से निकले किसान पुत्र यशवंत सिंह राजपूत ने अपनी सादगी, संघर्ष और जमीनी जुड़ाव से बिहार की राजनीति में भी अपनी अलग पहचान बना ली है।
प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने हाल ही में उन्हें बिहार विधानसभा चुनाव में खगड़िया जिला का प्रभारी नियुक्त किया है। पार्टी का यह निर्णय इस विश्वास को दर्शाता है कि माखन नगर का यह युवा नेता संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएगा।
यशवंत सिंह राजपूत, जो अपने क्षेत्र में “यशवंत भैया” के नाम से लोकप्रिय हैं, लंबे समय से किसानों, मजदूरों और ग्रामीण जनता के बीच सक्रिय हैं। चाहे मूंग खरीदी में अनियमितता का मामला हो, खाद-बिजली की समस्या हो या बारिश से तबाह हुई फसलों का मुद्दा — वे हमेशा प्रभावित किसानों के बीच खड़े नजर आए हैं।
ग्रामीण अंचल में सक्रिय राजपूत को लोग एक ऐसे नेता के रूप में देखते हैं, जो नेता से पहले किसान हैं। वे चौपालों में बैठकर ग्रामीणों से सीधी बातचीत करते हैं, खेतों में जाकर हालचाल लेते हैं और अक्सर कहते हैं —
“कांग्रेस किसानों की पार्टी रही है, और जब तक हर खेत में हरियाली नहीं लौटेगी, हम चैन से नहीं बैठेंगे।”
प्रदेश कांग्रेस प्रभारी श्री हरीश चौधरी के मार्गदर्शन में यशवंत सिंह राजपूत इन दिनों बिहार के विभिन्न गांवों का दौरा कर रहे हैं। खगड़िया की गलियों में अब उनका नाम नए जोश और उम्मीद के साथ लिया जा रहा है।
माखन नगर के वरिष्ठ किसान भगवानदास पटेल बताते हैं —
“यशवंत बचपन से ही सबका दुख-सुख बांटने वाला रहा है। आज जब वो बिहार में कांग्रेस का झंडा थामे आगे बढ़ रहे हैं, तो हमें गर्व है कि हमारे गांव का बेटा वहां भी अपनी सादगी और कर्मठता से नाम रोशन कर रहा है।”
आज जब राजनीति में दिखावे और वादों की भरमार है, ऐसे में यशवंत सिंह राजपूत जैसे नेता अपनी ईमानदारी और जनसंपर्क से एक अलग मिसाल पेश कर रहे हैं।
माखन नगर की खुशबू अब बिहार की हवा में घुल गई है — और वहां कांग्रेस का झंडा उतनी ही शान से लहरा रहा है, जितनी शान से नर्मदा किनारे की हवाएं बहती हैं।







