“सच्ची दीपावली वहीं, जहाँ खुशियाँ सबके चेहरे पर हों” – एसडीएम सुश्री प्रियंका भलावी ने आदिवासी अंचल ग्राम काजरी में बाँटी दीपोत्सव की रौशनी

संवाददाता राकेश पटेल इक्का
सोहागपुर।
दीपों का पर्व केवल रोशनी का नहीं, बल्कि संवेदना और स्नेह का भी होता है। इसी भावना को साकार करते हुए एसडीएम सोहागपुर सुश्री प्रियंका भलावी ने इस वर्ष की दीपावली को एक अनोखे रूप में मनाया। उन्होंने अपना उत्सव शहर की चमक-दमक से दूर, आदिवासी अंचल ग्राम काजरी के सादगी भरे वातावरण में ग्रामीणों और बच्चों के साथ साझा किया।
गाँव पहुँचते ही बच्चों के चेहरों पर जो मुस्कान खिली, वह किसी दीपक की लौ से कम उज्ज्वल नहीं थी। सुश्री भलावी ने बच्चों को मिठाइयाँ, फटाके और उपहार भेंट किए — और इस स्नेहपूर्ण मिलन ने वातावरण को भावनाओं से भर दिया। बच्चे खिलखिलाए, ग्रामीणों के चेहरे पर आत्मीयता झलक उठी और दीपावली का पर्व सचमुच अपने अर्थ में ‘दीपोत्सव’ बन गया।
ग्राम काजरी के इस कार्यक्रम में एसडीएम ने ग्रामीणों से आत्मीय संवाद करते हुए कहा –

“प्रशासन का असली उद्देश्य केवल विकास कार्यों तक सीमित नहीं, बल्कि हर व्यक्ति के जीवन में खुशियाँ और सम्मान लाना है। जब हम सब एक परिवार की तरह मिलकर त्योहार मनाते हैं, तभी समाज में सच्ची एकता और अपनापन जन्म लेता है।”
उन्होंने ग्रामवासियों को प्रधानमंत्री आवास योजना, पेंशन योजनाओं, नल-जल योजना, आंगनवाड़ी सेवाओं और अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि शासन की हर योजना पात्र लोगों तक पहुँचे, यही प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
कार्यक्रम के दौरान गाँव के बुजुर्गों ने कहा –

“आज हमारी दीपावली सचमुच पूरी हुई। सरकार के अधिकारी जब अपने बच्चों की तरह हमसे मिलने आते हैं, तो लगता है कि सरकार हमारे बीच ही है।”
ग्राम काजरी की गलियों में उस दिन न तो महंगे दीये थे, न आतिशबाज़ी की चमक — लेकिन जो रोशनी थी, वह मानवीय संवेदना की थी, और जो आवाज़ थी, वह बच्चों की हँसी की थी।
एसडीएम सुश्री भलावी की यह पहल इस बात का जीवंत प्रमाण बनी कि “दीपावली केवल घरों में नहीं, दिलों में भी जगानी चाहिए।”
ग्रामीणों ने भावविभोर होकर कहा कि प्रशासन का यह मानवीय चेहरा ही सच्चे ‘सुगम शासन’ की पहचान है।
इस अवसर पर उपस्थित अधिकारियों एवं ग्रामीणों ने दीप जलाकर “सशक्त ग्राम – सशक्त भारत” का संकल्प भी लिया।
ग्राम काजरी में मुस्कुराते बच्चे, दीपों की रौशनी में ग्रामीणों के संग संवाद करतीं एसडीएम सुश्री प्रियंका भलावी – मानो प्रशासन और जनता के बीच विश्वास का एक नया दीप प्रज्वलित हो गया हो।







