राष्ट्रीय शालेय वॉलीबॉल प्रतियोगिता का रोमांच अंतिम दौर में
प्री-क्वार्टर फाइनल में टीमों ने दिखाया दमखम, MP की बालक–बालिका टीमों की हार से प्रशंसक निराश

गाडरवारा। प्रदेश के स्कूल शिक्षा एवं परिवहन मंत्री राव उदयप्रताप सिंह के प्रयासों से लोक शिक्षण संचालनालय भोपाल और स्कूल गेम्स फेडरेशन ऑफ इंडिया के तत्वावधान में आयोजित 69वीं राष्ट्रीय शालेय वॉलीबॉल प्रतियोगिता (अंडर-19 बालक/बालिका) अपने रोमांचक अंतिम चरण में पहुँच चुकी है। प्रतियोगिता के चौथे दिन रविवार को बालक एवं बालिका वर्ग के प्री-क्वार्टर फाइनल मैच खेले गए, जिनमें टीमों ने शानदार खेल भावना और कौशल का प्रदर्शन किया।
MP की टीमों की हार से प्रशंसकों को झटका
लीग मैचों में ही मध्यप्रदेश की बालक और बालिका वर्ग की टीमें हारकर प्रतियोगिता से बाहर हो गईं। इसके चलते स्थानीय खेल प्रेमियों की उम्मीदों को बड़ा झटका लगा और प्री-क्वार्टर मैचों में MP की मौजूदगी न के बराबर रही।
बालक वर्ग प्री-क्वार्टर फाइनल परिणाम
प्रचार प्रसार समिति के सदस्य मधुसूदन पटेल के अनुसार रविवार को खेले गए मुकाबलों में निम्न परिणाम रहे:
- हिमाचल प्रदेश ने असम को हराया
- केरल ने उत्तराखंड को
- पश्चिम बंगाल ने विद्या भारती को
- राजस्थान ने पंजाब को
- गुजरात ने दिल्ली को
- तमिलनाडु ने छत्तीसगढ़ को
- उत्तर प्रदेश ने जम्मू-कश्मीर को
- सीबीएसई ने कर्नाटक को मात देकर क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया
बालिका वर्ग प्री-क्वार्टर फाइनल परिणाम
- तमिलनाडु ने तेलंगाना को
- गुजरात ने मणिपुर को
- हिमाचल प्रदेश ने दिल्ली को
- राजस्थान ने नवोदय विद्यालय समिति को
- कर्नाटक ने आंध्र प्रदेश को
- पश्चिम बंगाल ने उत्तर प्रदेश को
- सीबीएसई ने महाराष्ट्र को
- हरियाणा ने चंडीगढ़ को हराकर क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई।
समाचार लिखे जाने तक क्वार्टर फाइनल मैच जारी थे, जो देर रात तक खेले गए।
मंत्री राव उदयप्रताप सिंह का अनुकरणीय व्यवहार
शनिवार रात मंत्री राव उदयप्रताप सिंह रूद्र मैदान पहुँचे और दर्शक दीर्घा में बैठकर मप्र बनाम छत्तीसगढ़ का मुकाबला देखा। उन्होंने
- खेल मैदान की मर्यादाओं का पूरी तरह पालन किया
- पूर्ण अनुशासन के साथ एक सच्चे दर्शक की भूमिका निभाई
- खिलाड़ियों और दर्शकों के बीच प्रेरणादायक संदेश दिया
उनका यह संयमित और सादगीपूर्ण व्यवहार मैदान में मौजूद खिलाड़ियों, अधिकारियों और नागरिकों के लिए प्रेरणा का स्रोत बना।
उन्होंने बच्चों और बालिकाओं से आत्मीय संवाद किया तथा उन्हें खेलों में निरंतर सक्रिय रहने के लिए प्रोत्साहित किया। इससे छोटे खिलाड़ियों में उत्साह और ऊर्जा का संचार हुआ।
मैदान में भारी भीड़, जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे मौजूद
शनिवार रात और रविवार को बड़ी संख्या में
- जनप्रतिनिधि
- अधिकारी
- खेल प्रेमी
- युवा
- बालक–बालिका खिलाड़ी
- कोच व रेफरी
- ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्र के नागरिक
मैदान में उपस्थित रहे और मैचों का रोमांच देखा।
इस दौरान
राव अनुज प्रताप सिंह, नपा अध्यक्ष शिवाकांत मिश्रा, SDM कलावती ब्यारे, जिला शिक्षा अधिकारी प्रतुल इंदुरख्या, सहायक संचालक सीमा डोंगरे सहित अनेक अधिकारी मौजूद रहे।
आयोजन की रीढ़ बनी समितियाँ
प्रतियोगिता के सफल संचालन में निम्न प्रमुख व्यक्तियों और समितियों का सहयोग उल्लेखनीय रहा—
- राष्ट्रीय कोच वीर सिंह, अजय जांगिड़
- SGFI के फील्ड ऑफिसर अमित गौतम, एसएस राजपूत
- जिला क्रीड़ा अधिकारी अनुज जैन
- मनीष कटारे, मुकेश पटेल, अजय सोनी, यूनुस हुसैन, फरहीन शेख, आरिज खान, आदित्य द्विवेदी, ज्योति धानक
- समन्वय, आवास, भोजन, परिवहन, स्वागत, कंट्रोल रूम और कम्युनिकेशन समितियाँ
इन सभी की मेहनत और समर्पण से आयोजन लगातार सफलता की ओर बढ़ रहा है।







