पति की कुल्हाड़ी से हत्या करने वाली पत्नी को आजीवन कारावास, गाडरवारा न्यायालय ने सुनाया सख्त फैसला
गाडरवारा में पति की कुल्हाड़ी से हत्या के मामले में पत्नी को आजीवन कारावास। द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश संतोषी वासनिक का फैसला, जानिए पूरा मामला।

गाडरवारा।
न्यायालय द्वितीय अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश गाडरवारा श्रीमती संतोषी वासनिक द्वारा पति की हत्या के एक गंभीर मामले में अभियुक्त पत्नी को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। साथ ही न्यायालय ने अभियुक्त पर 2,000 रुपये का अर्थदंड भी अधिरोपित किया है।
यह निर्णय सत्र प्रकरण क्रमांक 09/2024 में सुनाया गया। प्रकरण में अभियोजन की ओर से अपर लोक अभियोजक पवन अग्रवाल द्वारा प्रभावी पैरवी की गई।
घटना का विवरण
अभियोजन के अनुसार थाना चीचली अंतर्गत ग्राम सुजानपुर, सेहरा हार निवासी अभियुक्त पुनियाबाई ठाकुर ने दिनांक 29 अक्टूबर 2023 को दोपहर लगभग 3 बजे अपने ही पति बद्रीप्रसाद ठाकुर की कुल्हाड़ी से हत्या कर दी थी। यह वारदात उनके निवासगृह की दहलीज पर घटित हुई।
बताया गया कि पति-पत्नी के बीच पैसों और जेवर गिरवी रखने को लेकर विवाद हुआ था। विवाद के दौरान अभियुक्त पुनियाबाई ने गुस्से में आकर अपने पति के सिर के पास कुल्हाड़ी से जोरदार वार कर दिया, जिससे बद्रीप्रसाद की मौके पर ही मृत्यु हो गई।
पुलिस कार्रवाई
घटना के आधार पर थाना चीचली द्वारा अपराध क्रमांक 313/2023 अंतर्गत धारा 302 भारतीय दंड संहिता के तहत मामला दर्ज किया गया था। पुलिस ने विवेचना उपरांत अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया।
न्यायालय का निर्णय
मामले की सुनवाई द्वितीय अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश की अदालत में हुई, जहां अभियोजन साक्षियों के बयान, उपलब्ध साक्ष्य, तथ्यों एवं परिस्थितियों के गहन परीक्षण के बाद न्यायालय ने अभियुक्त पुनियाबाई ठाकुर को दोषी पाया।
न्यायालय ने स्पष्ट किया कि पैसों और जेवर को लेकर हुए विवाद में कुल्हाड़ी से हमला किए जाने के कारण मृत्यु होना हत्या की श्रेणी में आता है। इस आधार पर अभियुक्त को भा.दं.वि. की धारा 302 के तहत आजीवन कारावास एवं 2,000 रुपये अर्थदंड से दंडित किया गया।
अभियोजन पक्ष
उक्त प्रकरण में अभियोजन की ओर से अपर लोक अभियोजक पवन अग्रवाल द्वारा सशक्त एवं प्रभावी पैरवी की गई।







