इंदौर में MBA छात्रा हत्याकांड: आरोपी पीयूष धामनोदिया मुंबई से गिरफ्तार
इंदौर में MBA छात्रा हत्याकांड: आरोपी पीयूष धामनोदिया मुंबई से गिरफ्तार

इंदौर। द्वारकापुरी क्षेत्र में एमबीए द्वितीय वर्ष की छात्रा की हत्या के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। मामले के मुख्य आरोपी पीयूष धामनोदिया ने मुंबई के अंधेरी स्थित पुलिस थाने में सरेंडर कर दिया। इसके बाद इंदौर पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
डीसीपी जोन-1 कृष्ण लालचंदानी के अनुसार 24 वर्षीय युवती सांवेर रोड स्थित एक निजी कॉलेज में एमबीए की पढ़ाई कर रही थी। आरोपी पीयूष धामनोदिया, जो मूलतः मंदसौर का निवासी है, उसी कॉलेज में छात्र था। दोनों के बीच पिछले वर्ष सितंबर से संबंध थे।
विवाह के विवाद के बीच बढ़ा तनाव
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों के बीच विवाह को लेकर विवाद चल रहा था। युवती शादी के लिए दबाव बना रही थी, जबकि आरोपी के परिजन इस रिश्ते के पक्ष में नहीं थे। इसी को लेकर दोनों के बीच तनाव बढ़ता गया।
पुलिस के अनुसार 10 फरवरी को आरोपी छात्रा को बातचीत के बहाने द्वारकापुरी स्थित किराए के कमरे में ले गया। वहीं विवाद के दौरान उसने युवती की हत्या कर दी। घटना के बाद आरोपी फरार हो गया।
फरारी के दौरान मुंबई पहुंचा, नया सिम खरीदा
हत्या के बाद आरोपी ने अपना मोबाइल सिम बदल लिया और ट्रेन से मुंबई पहुंच गया। पुलिस की जांच में पता चला कि वह मुंबई में इधर-उधर घूमता रहा।
शनिवार को आरोपी ने अंधेरी क्षेत्र के पुलिस थाने में स्वयं पहुंचकर अपना नाम बताया और हत्या की बात स्वीकार की। सूचना मिलते ही इंदौर पुलिस की टीम मुंबई पहुंची और उसे हिरासत में लेकर इंदौर रवाना किया गया।
मोबाइल और डिजिटल साक्ष्य भी जांच में
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी ने फरारी के दौरान युवती के निजी वीडियो सोशल मीडिया पर साझा किए। पुलिस ने आरोपी का मोबाइल जब्त कर डिजिटल साक्ष्यों की जांच शुरू कर दी है।
बताया जा रहा है कि आरोपी ने युवती का मोबाइल भी अपने साथ ले जाकर मुंबई के नाला-सोपारा क्षेत्र में फेंक दिया था।
पुलिस जांच जारी
इंदौर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज कर लिया है। पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है और डिजिटल फॉरेंसिक साक्ष्यों को भी खंगाला जा रहा है।
अधिकारियों का कहना है कि मामले में सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच की जाएगी और दोषी को सख्त सजा दिलाने के लिए मजबूत साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।







