मध्य प्रदेशराजनीति

भाजपा सरकार ने मध्यप्रदेश को कर्ज में डुबोया: माकपा का आरोप

“चार साल की पूरी आय से भी नहीं उतर पाएगा कर्ज” – मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी

संवाददाता अवधेश चौकसे

भोपाल/नरसिंहपुर। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी(माकपा) ने मध्यप्रदेश की भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि प्रदेश को भारी कर्ज के बोझ में डुबो दिया गया है। पार्टी का दावा है कि मौजूदा हालात में प्रदेश की पूरी आय भी चार साल तक कर्ज चुकाने में लग जाए तो भी यह खत्म नहीं होगा।

रोजाना 250 करोड़ का कर्ज लेने का आरोप

माकपा के जिला सचिव जगदीश पटेल ने राज्य सचिव जसविंदर सिंह की विज्ञप्ति जारी करते हुए बताया कि वित्त वर्ष 2025-26 में राज्य सरकार ने प्रतिदिन करीब 250 करोड़ रुपये कर्ज लिया है।
इस तरह पूरे वर्ष में सरकार ने लगभग 91,500 करोड़ रुपये का कर्ज लिया।

प्रति व्यक्ति कर्ज 6 लाख से ज्यादा

पार्टी के अनुसार, प्रदेश पर कुल कर्ज बढ़कर लगभग 5.56 लाख करोड़ रुपये हो गया है।
करीब 9 करोड़ की जनसंख्या के हिसाब से हर नागरिक पर लगभग 6.17 लाख रुपये का कर्ज बनता है।

वहीं आर्थिक सर्वेक्षण के अनुसार प्रति व्यक्ति वार्षिक आय करीब 1.69 लाख रुपये बताई गई है। माकपा का कहना है कि अगर पूरी आय भी कर्ज चुकाने में लगा दी जाए तो भी इसे खत्म करने में करीब चार साल लगेंगे।

ब्याज का बढ़ता बोझ भी चिंता का कारण

माकपा नेताओं का कहना है कि वर्तमान कर्ज पर करीब 12% ब्याज दर से हर साल लगभग 66,720 करोड़ रुपये सिर्फ ब्याज के रूप में चुकाने होंगे।
इसके अलावा सरकार लगातार नया कर्ज लेने की तैयारी में है, जिससे स्थिति और गंभीर हो सकती है।

विकास के दावों पर उठाए सवाल

पार्टी ने सरकार के विकास दावों पर सवाल उठाते हुए कहा कि:

  • किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य नहीं मिल रहा
  • मजदूरों और कर्मचारियों को न्यूनतम वेतन नहीं मिल रहा
  • आंगनबाड़ी, आशा और उषा कार्यकर्ता मानदेय बढ़ाने की मांग कर रही हैं

भ्रष्टाचार के भी लगाए आरोप

माकपा ने आरोप लगाया कि कर्ज का बड़ा हिस्सा भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ रहा है।
उनका कहना है कि:

  • पुल और सड़कें जल्द खराब हो रही हैं
  • भवनों की गुणवत्ता खराब है
  • स्कूलों में शिक्षक और अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी है

“जनता पर पड़ेगा कर्ज का बोझ”

माकपा का कहना है कि भविष्य में इस कर्ज का भार प्रदेश की जनता को ही उठाना पड़ेगा और टैक्स के जरिए इसकी भरपाई की जाएगी।

 

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!