नरसिंहपुर का गाडरवारा एक बार फिर शर्मसार, 14 साल की नाबालिग से दरिंदगी का दूसरा मामला

गाडरवारा, नरसिंहपुर। जिले का गाडरवारा क्षेत्र एक बार फिर एक जघन्य अपराध की वजह से सुर्खियों में है। बीते 15 दिनों के अंदर यहाँ एक नाबालिग बच्ची के साथ दरिंदगी का दूसरा मामला सामने आया है, जिसने पूरे समाज और प्रशासन पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
क्या हुआ मामला?
थाना गाडरवारा अंतर्गत निरंजन वार्ड के एक युवक पर आरोप है कि उसने एक 14 वर्षीय नाबालिग बच्ची के साथ कई बार दरिंदगी की। आरोपी ने न सिर्फ मासूम बच्ची का शोषण किया, बल्कि उसे डरा-धमकाकर घटना को दबाने की कोशिश की। बच्ची, जिसकी उम्र खेलने-कूदने और पढ़ने-लिखने की है, उसे बार-बार इस हद तक प्रताड़ित किया गया कि उसका बचपन तार-तार हो गया।
समाज पर उठे सवाल
यह घटना सामाजिक सुरक्षा के ढाँचे पर एक गंभीर चोट है। सवाल उठना लाजमी है कि आखिर हमारा समाज अपनी बेटियों को सुरक्षित वातावरण दे पाने में क्यों विफल हो रहा है? ऐसे गिद्धों का समाज में बने रहना, जो मासूम बच्चियों पर बुरी नजर रखते हैं, हर नागरिक के लिए शर्म का विषय है। समाजशास्त्री मानते हैं कि ऐसे अपराधियों का सामाजिक बहिष्कार जरूरी है, साथ ही कानूनी व्यवस्था को और सख्त होने की आवश्यकता है।
पुलिस ने दिखाई त्वरित कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए गाडरवारा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया है। उसे संज्ञेय अपराधों की धाराओं के तहत जेल भेज दिया गया है। पुलिस ने नए **भारतीय न्याय संहिता (BNS)** की कई धाराओं के तहत, साथ ही **यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण (POCSO) अधिनियम** के तहत मामला दर्ज किया है। POCSO अधिनियम एक सख्त कानून है जो बच्चों के यौन शोषण के मामलों में त्वरित सुनवाई और कड़ी सजा का प्रावधान करता है।
अब क्या?
पुलिस जांच में जुट गई है और आरोपी के खिलाफ मजबूत सबूत जुटाए जा रहे हैं। इस मामले ने पिछले घटित हुए एक समान मामले को फिर से याद दिला दिया है, जिससे local residents में रोष और डर का माहौल है। लोगों की मांग है कि प्रशासन ऐसे अपराधियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करे ताकि भविष्य में कोई ऐसी हिम्मत न कर सके।







